कवयित्री संध्या नवोदिता को मिला शीला सिद्धान्तकर स्मृति कविता सम्मान

नई दिल्ली। वर्ष 2024 के लिए प्रतिष्ठित शीला सिद्धान्तकर स्मृति कविता सम्मान कवयित्री संध्या नवोदिता को उनके काव्य संग्रह – ‘ सुनो जोगी तथा अन्य कविताएँ ‘ पर दिए जाने…

‘बनारस, बिस्मिल्लाह और शहनाई: एक अविस्मरणीय गाथा’

सविता आनंद उस्ताद बिस्मिल्लाह खाँ सुरों के ऐसे देवता थे जिनकी सादगी के सामने हर सम्मान ने सर झुकाया. उनकी पारंपरिक सोच हर सम्मान व पुरस्कार से थोड़ा और झुक…

विश्व कविता दिवस पर विशेष: ग्रीस कवि सोलोन की कविता का चमत्कारिक प्रभाव!

गौरव अवस्थी नई दिल्ली: ग्रीस के एथेन्स नगर के उच्च कुल (कबीले) में 630 ईसा पूर्व में जन्मे महान कवि सोलोन को दार्शनिक और समाज सुधारक के रूप में भी…

निष्पक्ष पत्रकारिता पर आधारित प्रकाश मेहरा की पुस्तक ‘वे टू जर्नलिज्म’ बनाएगी नया इतिहास!

नई दिल्ली: निष्पक्ष पत्रकारिता की पहचान करना एक व्यक्तिगत और जटिल विषय हो सकता है, क्योंकि यह इस बात पर निर्भर करता है कि कोई व्यक्ति निष्पक्षता को कैसे परिभाषित…

छत्रपति महाराज के व्यक्तित्व, स्वराज्य की संकल्पना व दुर्ग की समझ विकसित करती है पुस्तक ‘हिन्दवी स्वराज्य दर्शन’

सौरभ तामेश्वरी पत्रकार एवं स्तम्भकार नई दिल्ली: पुस्तकों का लेखन जितना सरल हो, उतने ही अधिक लोग उसे पढ़ते हैं। पत्रकार, मीडिया शिक्षक एवं बेहतरीन लेखक लोकेंद्र सिंह ने सरल…

मैं भगदड़ में कुचलकर नहीं मरा था…

शरद कोकास वे चट्टानें नहीं थी जो मुझ पर गिरी थीं न कोई पहाड़ न आसमान गिरने के अर्थ में गाज भी नहीं कुछ दिल थे खुशी से धड़कते हुए…

दर्शन का काव्यात्मक स्वरूप

नासिर अहमद सिकंदर “सुख एकम दुःख” इस संकलन में संकलित शरद कोकास की सुख दुःख इन छोटी कविताओं का रचनाकाल बहुत बाद का है । उस समय उन का पहला…

फुटपाथो का जीवन जैसे…

फुटपाथो का जीवन जैसे करूणा – कलित कहानी है हाथ पसारे दौड रहा पर आँखे रहती अन्जानी हैं। रसराज के रसमय आवर्तन को जब अपनी कलम उठाती हूँ उन्मीलित अरविंद…

पुस्तक चर्चा : बाबा साहब अंबेडकर के विविध पहलुओं की अभिव्यक्ति

लोकेन्द्र सिंह नई दिल्ली: बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के संबंध में सबने अपने-अपने दृष्टिकोण बना रखे हैं। उनके विचारों एवं व्यक्तित्व को समग्रता से देखने के प्रयास कम ही…

अस्पृश्यता प्रथा के घोर विरोधी थे श्री देवरस जी

प्रहलाद सबनानी सेवा निवृत्त उप महाप्रबंधक भारतीय स्टेट बैंक परम पूज्य श्री मधुकर दत्तात्रेय देवरस जी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के तृतीय सरसंघचालक थे। आपका जन्म 11 दिसम्बर 1915 को श्री…