ऋषिकेश। अंकिता हत्याकांड, भर्ती घोटालों और विधानसभा में बैक डोर से हुई भर्तियों के मामलों को लेकर ऋषिकेश में राजनीति गरमा रही है। इन मुद्दों पर एकजुट हुए विभिन्न सामाजिक व राजनैतिक संगठनों ने अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। चेताया कि दोषियों पर जल्द सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो आमरण अनशन के लिए बाध्य होंगे। गुरुवार को हरिद्वार-ऋषिकेश हाईवे पर कोयलघाटी तिराहे के पास विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों से जुड़े लोग एकत्रित हुए और अंकिता भंडारी के हत्यारों को फांसी की सजा दिलाने, भर्ती घोटालों और विधानसभा में बैक डोर से हुई भर्ती के सभी दोषियों को बर्खास्त कर कड़ी कार्रवाई करने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया।
धरने पर डटे लोगों ने भाजपा सरकार को अंकिता हत्याकांड, भर्ती घोटालों में आड़े हाथ लेते हुए कहा कि सरकार दोषियों को बचाने का प्रयास कर रही है, जिससे आमजन खुद को ठगा महसूस कर रहा है। आंदोलनरत लोगों ने अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े वीआईपी मेहमानों के नामों का खुलासा नहीं होने पर भी आक्रोश जताया। एक स्वर में वीआईपी मेहमानों को चिह्नित कर शीघ्र गिरफ्तार करने की मांग की। बताया कि आंदोलन को सक्रिय बनाए रखने के लिए न्याय संघर्ष समिति बनाई गई है।
