नई दिल्ली: यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोडिमीर जेलेंस्की लगातार रूस की तरफ से यूरोप पर बढ़ रहे खतरे का दावा कर रहे हैं। रविवार को उन्होंने दावा किया कि रूस की नजर केवल यूक्रेन पर ही नहीं बल्कि पूरे यूरोप पर है। अगर यूक्रेन शांति समझौता रूस की शर्तों पर किया गया तो फिर रूस का मनोबल और भी ज्यादा बढ़ जाएगा। इससे पहले शांति समझौते को लेकर जेलेंस्की ने कहा कि यूक्रेन ऐसे किसी भी समझौते को नहीं मानेगा, जिसमें उसे शामिल नहीं किया जाएगा।
एनबीसी न्यूज के साथ रविवार को दिए अपने इंटरव्यू में जेलेंस्की ने कहा कि मेरा मानना है कि यूरोप को अमेरिकी सुरक्षा गारंटी की जरूरत है क्योंकि अगर ऐसा नहीं होता है तो रूस का खतरा हमेशा सर पर बना ही रहेगा। पुतिन की नजर केवल यूक्रेन पर ही नहीं बल्कि पूरे यूरोप को हथियाने की है। अगर उन्हें यूरोप के खिलाफ युद्ध की इजाजत दे दी जाती है तो वह इसमें जरा भी देर नहीं करेंगे।
यू्क्रेनी राष्ट्रपति ने कहा कि अमेरिका के बिना नाटो का कोई अस्तित्व ही नहीं है। अगर अमेरिका नाटो से बाहर हो जाता है तो इसका मतलब है कि नाटो खत्म हो चुका है और पुतिन अपने यूरोप पर कब्जा करने के सालों पुराने सपने को पूरा करने के लिए तैयार हो जाएंगे।
यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई हैं जब अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने अमेरिका के भविष्य की योजनाओं के बारे में बताया था। एक सम्मेलन में पीट ने कहा कि युद्ध के खत्म होने के बाद अमेरिका की सुरक्षा गारंटी, शांति सेना में भागेदारी और यूक्रेन को नाटो में शामिल करने के ऊपर कोई विचार नहीं किया जा रहा है। हालांकि अमेरिकी अधिकारी ने अपनी यह टिप्पणी 24 घंटे के भीतर वापस ले ली इससे यह तो साबित हो गया कि अमेरिकी खेमे में किस तरह के विचार चल रहे हैं।