आचार्य मसूरी!  ये कैसे अर्जुन हैं?

आचार्य मसूरी !  ये कैसे अर्जुन हैं? आचार्य ! हमने सुना था कि एकलव्य ने आपको केवल मन से गुरु माना था  तथा मिट्टी के गुरु को गुरु मानकर  सर…