बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ ‘लव ट्रैप’ की साजिश, जबरन इस्तीफे और धमकियां

नई दिल्ली: बांग्लादेश में जब से शेख हसीना की विदाई हुई है, हिंदुओं का जीना दूभर हो गया है। मोहम्मद यूसुफ की अंतरिम सरकार के पैर पसारने के बाद कट्टरपंथी हावी हो रहे हैं। अब हालांकि हिंदुओं पर प्रत्यक्ष हमले पहले जितने नहीं हैं, फिर भी धमकियां और उनसे सरकारी नौकरियों से जबरन इस्तीफे लिए जा रहे हैं। राजनीतिक संरक्षण के चलते लगातार मजबूत रहा कट्टरपंथी संगठन हिंदुओं के खिलाफ हिंसा से लेकर सामाजिक बहिष्कार और बदनामी अभियान का सहारा ले रहा है। ऐसी रिपोर्ट सामने आई हैं कि चरमपंथी समूहों ने ‘लव ट्रैप’ अभियान शुरू किया है, जिसमें आरोप लगाया जा रहा है कि हिंदू कथित तौर पर मुस्लिम महिलाओं को बहला-फुसलाकर उनका धर्म परिवर्तन कर रहे हैं।

बांग्लादेश में हिंदू विरोधी कदमों की ताजा लहर में समुदाय के लोगों को सरकारी नौकरियों से हटाया जा रहा है, या तो बर्खास्तगी के जरिए या जबरन इस्तीफा लेकर। हिंदू शिक्षकों और प्रोफेसरों, खास तौर पर जाने-माने विश्वविद्यालयों में, कथित तौर पर इस्तीफा देने के लिए दबाव डाला जा रहा है। हाल ही में चटगांव विश्वविद्यालय में इतिहास विभाग में सहायक प्रोफेसर रोंटू दास को कथित तौर पर इस्तीफा देने के लिए मजबूर किया गया। उन्हें कथित तौर पर जान से मारने की धमकियाँ भी मिलीं। अपने त्यागपत्र में उन्होंने अपने साथ हुए भेदभाव के बारे में बताया। उनका लेटर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

पुलिस की नौकरी से बर्खास्त

हाल ही में शारदा पुलिस अकादमी में प्रशिक्षण पूरा करने वाले 252 सब इंस्पेक्टरों को अनुशासनहीनता और अनियमितताओं के आरोप में बर्खास्त कर दिया गया, जिनमें 91 हिंदू कर्मी थे। इन प्रशिक्षुओं की नियुक्ति शेख हसीना के कार्यकाल के दौरान हुई थी। इसके अलावा शारदा पुलिस अकादमी में 20 अक्टूबर को 60 से अधिक एएसपी रैंक के अधिकारियों की पास-आउट परेड रद्द कर दी गई, जिससे इन अधिकारियों की सरकारी पदों पर नियुक्ति में और देरी हो गई।

हिंदुओं के खिलाफ ‘लव ट्रैप’ अभियान

बांग्लादेश में हिंदू समुदाय को निशाना बनाने के लिए चरमपंथी समूहों ने ‘लव ट्रैप’ अभियान शुरू किया है, जिसमें आरोप लगाया जा रहा है कि हिंदू पुरुष कथित तौर पर मुस्लिम महिलाओं को बहला-फुसलाकर उनका धर्म परिवर्तन कर रहे हैं। इस कहानी को बढ़ावा देने के लिए इलाकों में पोस्टर चस्पा किए जा रहे हैं और मुस्लिम महिलाओं से सावधानी बरतने की अपील की जा रही है।

हिंदुओं के खिलाफ दुश्मनी जैसा माहौल

हिंदू समुदाय का आरोप है कि देश में उनके खिलाफ दुश्मनी का माहौल बन रहा है, जिसकी वजह से उन्हें अपनी नौकरी और दूसरे अवसर गंवाने पड़ रहे हैं। हालांकि, कट्टरपंथी समूहों का आरोप है कि पिछली शेख हसीना सरकार ने अपनी अवामी लीग पार्टी के करीबी लोगों को तरजीह दी थी। अब, जब नई सरकार बनी है, तो ये कट्टरपंथी कथित तौर पर ऐसे लोगों खास तौर पर हिंदुओं को निशाना बना रहे हैं।

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