नई दिल्ली : अगले साल होने वाले लोकसभा चुनाव के लिए काफी कम समय बचा है। बीजेपी, कांग्रेस समेत तमाम दलों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। यूपी सीएम अखिलेश, अरविंद केजरीवाल, भगवंत मान जैसे नेता हाल ही में तेलंगाना में केसीआर की रैली में शामिल हुए, जिसके बाद तीसरे मोर्चे की सुगबुगाहट भी शुरू हो गई। हालांकि, अभी तक विपक्ष की तस्वीर अगले लोकसभा चुनाव में कैसी होगी, यह साफ नहीं हो सका। इस बीच, सामने आए सर्वे में बीजेपी एक बार फिर से अकेले दम पर बहुमत हासिल करती हुई दिखाई दे रही है। पिछले दिनों इंडिया टुडे और सी वोटर ने मिलकर एक सर्वे किया, जिसमें एक लाख 40 हजार से ज्यादा वोटर्स से उनकी राय पूछी गई।
सर्वे में भले ही एक बार फिर से बीजेपी नीत एनडीए की सरकार बनती हुई दिख रही हो, लेकिन कुछ ऐसे राज्य हैं, जहां पर बीजेपी को करारा झटका लग सकता है। तीन राज्यों में एनडीए की काफी सीटें कम हो रही हैं, जिसके परिणामस्वरूप कांग्रेस नीत यूपीए को बंपर फायदा होता दिख रहा। ये तीन राज्य, बिहार, कर्नाटक और महाराष्ट्र हैं। इंडिया टुडे और सी वोटर के सर्वे की मानें तो कर्नाटक में यूपीए को 17 सीटें मिल सकती हैं। पिछले चुनाव में सिर्फ दो सीटें ही मिली थीं। इस हिसाब से यहां अगले लोकसभा चुनाव में यूपीए को 15 सीटों का बंपर फायदा हो रहा है।
वहीं, दूसरा राज्य महाराष्ट्र है, जहां पर पिछले लोकसभा चुनाव में यूपीए को सिर्फ 6 सीटें ही मिली थीं। यहां पर यूपीए 34 सीटें जीत सकती है। तीसरा राज्य बिहार है, जहां पर नीतीश कुमार ने बीजेपी से नाता तोड़कर आरजेडी, कांग्रेस, लेफ्ट दलों वाले महागठबंधन से हाथ मिला लिया था। यहां पर यूपीए के खाते में 25 सीटें जा सकती है। पिछले लोकसभा चुनाव में सिर्फ एक सीट ही यूपीए हासिल कर पाई थी।
सर्वे में यूपी को लेकर क्या आया सामने?
माना जाता है कि प्रधानमंत्री पद तक का रास्ता उत्तर प्रदेश से होकर जाता है। खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी गुजरात से यूपी के वाराणसी आकर चुनाव लड़े और दो बार से सांसद हैं। ऐसे में बीजेपी के लिए यूपी काफी अहम है। सर्वे की मानें तो यूपी में विपक्ष यानी यूपीए को तगड़ा झटका लग सकता है। यहां पर एनडीए एकतरफा प्रदर्शन करते हुए कुल 80 सीटों में से 70 सीटें जीत सकती है। इसके अलावा, असम, तेलंगाना, पश्चिम बंगाल में भी एनडीए को सीटों के हिसाब से लाभ होने की संभावना है। बंगाल में बीजेपी के पास 20 सीटें, असम में 12 सीटें और तेलंगाना में छह सीटें जा सकती हैं।
