कांग्रेस की शीर्ष नीति निर्धारक इकाई कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) की रविवार को बैठक होगी, जिसमें पार्टी अध्यक्ष के चुनाव से जुड़े कार्यक्रम को मंजूरी दी जाएगी। सूत्रों का कहना है कि इस ऑनलाइन बैठक में अध्यक्ष के चुनाव के विस्तृत कार्यक्रम को स्वीकृति देने के साथ ही सोनिया गांधी और राहुल गांधी के नेतृत्व में विश्वास प्रकट किया जा सकता है। यह गुलाम नबी आजाद के पार्टी से इस्तीफे के संदर्भ में महत्वपूर्ण होगा। आजाद ने शुक्रवार को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता और सभी पदों से इस्तीफा दे दिया था और आरोप लगाया था कि कांग्रेस नेतृत्व आंतरिक चुनाव के नाम पर धोखा दे रहा है। उन्होंने राहुल गांधी पर ‘अपरिपक्व और बचकाने’ व्यवहार का आरोप भी लगाया था।
कांग्रेस ने उन पर पलटवार करते हुए पार्टी को धोखा देने का आरोप लगाया था और कहा था कि उनका ‘डीनएन मोदी-मय’ हो गया है। सीडब्ल्यूसी की इस महत्वपूर्ण बैठक से पहले कांग्रेस सूत्रों ने यह भी बताया कि अध्यक्ष के निर्वाचन की प्रक्रिया को पूरा होने में पहले से निर्धारित कार्यक्रम के मुकाबले कुछ सप्ताह की देरी हो सकती है, क्योंकि पार्टी का ध्यान इस समय ‘भारत जोड़ो यात्रा’ पर केंद्रित है तथा कुछ राज्य इकाइयां जरूरी औपचारिकताएं पूरी नहीं कर पाई हैं। पिछले साल सीडब्ल्यूसी ने जिस कार्यक्रम को मंजूरी दी थी, उसके मुताबिक कांग्रेस अध्यक्ष के निर्वाचन की प्रक्रिया 21 अगस्त से 20 सितंबर के बीच पूरी की जानी थी।
‘भारत जोड़ो यात्रा’ की तैयारी कर रही कांग्रेस
सीडब्ल्यूसी ने पिछले साल फैसला किया था कि ब्लॉक कमेटियों के लिए चुनाव 16 अप्रैल से 31 मई तक होंगे, जिला कमेटियों के अध्यक्षों के चुनाव एक जून से 20 जुलाई के बीच कराए जाएंगे, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्षों और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के सदस्यों के चुनाव 21 जुलाई से 20 अगस्त के बीच एवं एआईसीसी अध्यक्ष का चुनाव 21 अगस्त से 20 सितंबर के बीच किया जाएगा। सूत्रों ने कहा कि प्रक्रिया में कुछ सप्ताह की देरी हो सकती है और अक्टूबर में पार्टी को पूर्णकालिक अध्यक्ष मिल जाना चाहिए। कांग्रेस इन दिनों ‘भारत जोड़ो यात्रा’ की तैयारी कर रही है। इस यात्रा के दौरान करीब पांच महीने में दक्षिण में कन्याकुमारी से लेकर उत्तर में कश्मीर तक 3,570 किलोमीटर की दूरी तय की जाएगी।
