- वर्चुअल जनसभाओं को किया संबोधित
- अंकिता भंडारी के माता-पिता से फोन पर की बात कहा- माफी चाहता हूं, फिर आकर मिलूंगा
देहरादून/पौड़ी/अल्मोड़ा। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का निर्धारित उत्तराखंड दौरा गुरुवार को खराब मौसम की भेंट चढ़ गया। राहुल गांधी सुबह पंतनगर एयरपोर्ट पहुंच गए थे, लेकिन प्रतिकूल मौसम के कारण उनका हेलीकॉप्टर अल्मोड़ा और पौड़ी के लिए उड़ान नहीं भर सका। इसके चलते उन्हें दोनों स्थानों पर आयोजित जनसभाओं और पौड़ी के कंडोलिया मैदान में आयोजित पूर्व सैनिक सम्मेलन को वर्चुअल माध्यम से संबोधित करना पड़ा। देहरादून में प्रस्तावित कार्यक्रम भी स्थगित कर दिया गया।
अपने वर्चुअल संबोधन की शुरुआत राहुल गांधी ने जनसभाओं में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित न हो पाने पर खेद जताते हुए की। उन्होंने कहा कि मौसम खराब होने के कारण वह जनसभा स्थल नहीं पहुंच सके। उन्होंने जनता से माफी मांगते हुए भरोसा दिलाया कि वह जल्द ही राज्य का दौरा करेंगे और लोगों से सीधे संवाद करेंगे।
मोदी सरकार सेनाओं में अग्निवीर लेकर आई, जिसमें 4 साल सेवा देने की बात कही गई, लेकिन अगर अग्निवीर शहीद होगा तो देश उनके परिवार को सुरक्षा नहीं देगा।
ये सेनाओं की नींव के खिलाफ है और हम इस सिस्टम के खिलाफ हैं।
देश के करोड़ों युवा सेना में जाते हैं और जाने का सपना देखते हैं,… pic.twitter.com/gDbKwZ2reM
— Uttarakhand Congress (@INCUttarakhand) June 4, 2026
इस दौरान राहुल गांधी ने अंकिता भंडारी के माता-पिता से भी फोन पर बातचीत की। उन्होंने कहा, “मैं आपसे मिल नहीं सका, इसके लिए माफी चाहता हूं। मौसम की वजह से कार्यक्रम प्रभावित हुआ है, लेकिन मैं फिर उत्तराखंड आऊंगा और आपसे अवश्य मिलूंगा। राहुल ने अंकिता भंडारी के माता पिता को दिल्ली आकर मिलने का भी निमंत्रण दिया हैं।
पूर्व सैनिक सम्मेलन में अग्निवीर योजना खत्म करने का किया वादा
पौड़ी के कंडोलिया मैदान में आयोजित पूर्व सैनिक सम्मेलन को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने केंद्र सरकार की अग्निवीर योजना पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस सत्ता में आती है तो सरकार बनने के बाद सबसे पहला निर्णय अग्निवीर योजना को समाप्त करने का होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि यह योजना देश की सैन्य परंपराओं और जवानों के भविष्य के साथ न्याय नहीं करती।
राहुल गांधी ने अपने संबोधन में देश की आर्थिक स्थिति को लेकर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि देश के सामने एक बड़ा आर्थिक संकट खड़ा होने वाला है। उन्होंने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अमेरिका के साथ हुए समझौतों को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि हाल में हुई यूएस डील के कारण देश की ऊर्जा, कृषि, डेटा और लघु उद्योग क्षेत्रों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों से देश की ऊर्जा सुरक्षा कमजोर हुई है और कृषि क्षेत्र पर भी खतरा मंडरा रहा है। राहुल गांधी ने कहा कि यदि भारतीय बाजार विदेशी कृषि उत्पादों के लिए अधिक खुलता है तो इसका सीधा असर देश के किसानों पर पड़ेगा। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भारत के डेटा और छोटे उद्योगों से जुड़े हितों को पर्याप्त सुरक्षा नहीं दी गई है। कहा कि केंद्र सरकार की विदेश और आर्थिक नीतियों के कारण देश की स्वायत्त निर्णय क्षमता प्रभावित हो रही है।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उद्योगपति गौतम अडानी के संबंधों को लेकर भी सवाल उठाए तथा केंद्र सरकार पर बड़े उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया। वर्चुअल कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं की बड़ी संख्या मौजूद रही। उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने सम्मेलन और जनसभाओं में पहुंचे लोगों का आभार व्यक्त किया तथा कहा कि मौसम की बाधा के बावजूद जनता का उत्साह कम नहीं हुआ।
