एक हिंदी दिवस ऐसा भी…

गौरव अवस्थी ऐसा बहुत कम होता है कि कोई संस्था अपना उत्सव देश, समाज और मातृभाषा से जुड़े दिवस विशेष पर ही मनाए और अपने इस उत्सव को हिंदी के…

शिक्षक दिवस : ऐसे भी दिन थे जब डॉ राधाकृष्णन को जमीन पर खाना परोसकर खाना पड़ा!

गौरव अवस्थी डॉ राधाकृष्णन को महान शिक्षाविद् एवं दार्शनिक के रूप में आज पूरी दुनिया जानती है। गरीब परिवार में जन्मे डॉक्टर राधाकृष्णन ने परिश्रम, एकाग्रता और स्वाध्याय के बल…

समाज को स्नेह सूत्र में बाँधने निकले संत

लोकेन्द्र सिंह यह कितनी सुखद बात है कि समाज के विभिन्न वर्गों में आत्मीयता एवं समरसता के भाव को बढ़ाने के लिए साधु-संत ‘स्नेह यात्रा’ पर निकल पड़े हैं। जब…

सामाजिक समरसता का केंद्र बने संत रविदास मंदिर

लोकेन्द्र सिंह भारत को कमजोर करने के लिए जातीय द्वेष बढ़ाने में अनेक ताकतें सक्रिय हैं। उनके निशाने पर विशेषकर हिन्दू समाज है। वहीं, भारतीय समाज को एकसूत्र में बांधने…

1 अगस्त: विनोबा ने आज ही इंदौर में रोपा था सफाई का बीज

गौरव अवस्थी इंदौर देश का सबसे साफ सुथरा शहर है। स्वच्छता सर्वेक्षण में लगातार छठवीं बार उसे इस साल भी पहला स्थान मिला। इंदौर की बदौलत ही राज्यों की रैंकिंग…

अपनों का तिरस्कार..अंग्रेजी का अपनापा

गौरव अवस्थी हमारे तीन दशक के पत्रकारीय जीवन में यह पहला अवसर था, जब लखनऊ में पद और जीवन दोनों से कूच कर गए अलमस्त और सदैव सजग संपादक रहे…

कृष्ण प्रेम की नई पहचान…प्रेम पहचान

गौरव अवस्थी लोक कवि हलधर नाग अब किसी पहचान को मोहताज नहीं हैं। उन्हें भारत सरकार का प्रतिष्ठित पद्म सम्मान ‘पद्मश्री’ सम्मान भी प्राप्त है पर ईश्वर प्रदत्त गुणों से…

चित चोर चित्तौड़-चहुं ओर प्रभाष…

गौरव अवस्थी चौदह बरस की निरंतरता कम नहीं होती। दिल्ली, इंदौर होते हुए ‘यादों की बारात’ इस साल चित्तौड़ पहुंच रही थी। प्रसंग वही प्रभाष जोशी जी की यादों से…

विवेकानंद की पुण्यतिथि : आज ही शांत हुआ था हिंदू धर्म का ‘साइक्लोन’

गौरव अवस्थी सारी दुनिया को कर्म योग के लिए प्रेरित करने वाले स्वामी विवेकानंद को पाश्चात्य जगत ने ‘साइक्लोनिक हिंदू’ (आंधी उत्पन्न करने वाले हिंदू) की उपाधि दी थी। हिंदू…

दतिया के गद्दार राजा की वजह से फांसी पर चढ़े मोरोपंत तांबे

गौरव अवस्थी प्रथम स्वाधीनता संग्राम में अंग्रेजों को नाकों चने चबाने वाली झांसी की रानी लक्ष्मीबाई के साहस शौर्य और बलिदान को हमेशा ही याद किया जाता है। दक्षिण ब्राहमण…