MP : चुनाव से पहले कांग्रेस की ‘जन आक्रोश यात्रा’, क्या है उद्देश्य?

भोपाल : साल के आखिर में मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। इन चुनावों को लेकर राज्य की दोनों प्रमुख पार्टियों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी ने तो एमपी चुनावों के लिए कैंडिडेट की पहली लिस्ट भी जारी कर दी है। कांग्रेस ने अभी उम्मीदवारों की लिस्ट नहीं जारी की है, लेकिन उसकी तैयारियां जोरों पर है। इस बीच राज्य में कांग्रेस सात बड़े नेताओं के साथ राज्य के सात अलग-अलग इलाकों में एक ‘जन आक्रोश यात्रा’ निकालने जा रही है। आइये जानते हैं आखिर कांग्रेस की इस यात्रा का उद्देश्य क्या है?

क्या है उद्देश्य?

इस यात्रा के बारे में बात करते हुए पार्टी के प्रदेश प्रभारी महासचिव रणदीप सुरजेवाला और राज्य अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा भाजपा पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि 18 सालों की प्रदेश की बदहाली और बर्बादी का जनता में भाजपा राज के खिलाफ जो असंतोष था, वो अब जनाक्रोश में तब्दील हो गया है। सुरजेवाला ने कहा कि एक तरफ जहां भाजपा राज के ख़िलाफ़ जनता में आक्रोश है तो दूसरी ओर कांग्रेस और कमलनाथ के प्रति जनता में जोश दिखाई दे रहा है। जनता की इसी आवाज़ को सुनकर कांग्रेस ‘जनाक्रोश यात्रा’ का आगाज कर रही है। इस दौरान सुरजेवाला ने कांग्रेस की सरकार आने पर किए गए वादों को भी दोहराया।

कौन-कौन करेगा नेतृत्व?

मिली जानकारी के अनुसार, जनाक्रोश यात्रा में प्रदेश की जनता कुल 11 हजार 400 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। इस यात्रा को पूरा करने के लिए पार्टी के सात नेता नेतृत्व करेंगे। इन नेताओं में राज्य के नेता प्रतिपक्ष गोविंद सिंह 1600 किलोमीटर, पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव 1700 किलोमीटर, पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल 1900 किलोमीटर, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल 1400 किलोमीटर, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश पचौरी 1400 किलोमीटर, कांतिलाल भूरिया 1700 किलोमीटर और पूर्व मंत्री जीतू पटवारी 1700 किलोमीटर का सफर तय करेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *