‘ट्रंप टैरिफ’ की आशंका कम होने से शेयर बाजार में दिखा असर!

नई दिल्ली : भारतीय शेयर बाजार ने 2 प्रतिशत की बढ़त दर्ज करते हुए सप्ताह का समापन मजबूती के साथ किया. मार्केट एक्सपर्ट्स ने शनिवार को बताया कि चीन को छोड़कर सभी देशों के लिए टैरिफ को स्थगित करने के अमेरिकी फैसले से मंदी की चिंताएं कम हुई हैं, जिससे सेंटीमेंट मजबूत हुआ. नतीजतन, निफ्टी इंडेक्स ने मजबूत गैप-अप के साथ शुरुआत की और 22,900 के आसपास 20-डे एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज (डीईएमए) के पास रेसिस्टेंस को टेस्ट किया. इसके बाद यह 22,828.55 पर बंद होने से पहले एक सीमित दायरे में चला गया.

इन सेक्टर ने किया बढ़त को लीड

सेक्टर-वाइज, मेटल, एनर्जी और फार्मा ने बढ़त को लीड किया, जबकि व्यापक सूचकांकों ने भी 1.82 प्रतिशत और 2.86 प्रतिशत के बीच मजबूत वापसी दर्ज की. रेलिगेयर ब्रोकिंग लिमिटेड के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (रिसर्च) अजीत मिश्रा ने कहा, “अस्थिरता सूचकांक में निरंतर गिरावट से समर्थित रिकवरी एक सकारात्मक संकेत है, हालांकि इस तरह के तेज उतार-चढ़ाव से व्यापार करना चुनौतीपूर्ण बना रहता है. इंडेक्स फ्रंट पर, 22,900 से ऊपर का समापन 23,400 के पास की मूविंग एवरेज जोन के दोबारा टेस्ट का रास्ता बना सकता है.”

डॉलर के मुकाबले 65 पैसे मजबूत हुआ रुपया

शुक्रवार को सेंसेक्स 1,310.11 अंक या 1.77 प्रतिशत उछलकर 75,157.26 पर बंद हुआ. दिन के दौरान, सूचकांक ने 75,467.33 के इंट्रा-डे उच्च स्तर को छुआ, जबकि यह 74,762.84 तक फिसला. अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये में तीन दिन की गिरावट का सिलसिला थमते हुए नई मजबूती देखने को मिली. कमजोर डॉलर, कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और शेयर बाजार में तेजी के कारण रुपया डॉलर के मुकाबले 65 पैसे मजबूत होकर 86.04 पर बंद हुआ.

3.68 पर रहा एडवांस-डिक्लाइन रेश्यो

एचडीएफसी सिक्योरिटीज के सीनियर डेरिवेटिव एंड टेक्निकल रिसर्च एनालिस्ट नंदीश शाह ने कहा, “बाजार का दायरा काफी सकारात्मक रहा, जिसमें बढ़ते शेयरों की संख्या गिरावट वाले शेयरों से काफी अधिक थी. बीएसई पर एडवांस-डिक्लाइन रेश्यो 3.68 पर रहा, जो 5 मार्च, 2025 के बाद से इसका उच्चतम स्तर है.” वैश्विक व्यापार नीति में सकारात्मक विकास छोटे और मध्यम आकार के सूचकांकों में 2 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है, जो इस आशावाद को दर्शाता है कि ग्लोबल सप्लाई चेन स्थिर हो सकती है और इनपुट लागत दबाव कम हो सकता है.

इस रेंज में मिल सकता है निफ्टी को सपोर्ट

फिनावेन्यू के फंड मैनेजर अभिषेक जायसवाल ने कहा, “बिजनेस लीडर और निवेशकों के रूप में, राजस्व के लिए निर्यात पर अत्यधिक निर्भर क्षेत्रों के प्रति सतर्क रहना चाहिए। फिर भी, मैं भारत की विकास यात्रा के बारे में आशावादी हूं.” 22,600-22,700 रेंज से निफ्टी को निकट अवधि में समर्थन मिलने की उम्मीद है, जबकि 23,000-23,100 बैंड के ऊपर की ओर तत्काल प्रतिरोध क्षेत्र के रूप में कार्य करने की संभावना है. बैंक निफ्टी इंडेक्स गैप-अप के साथ खुला और पूरे सत्र में मजबूत सकारात्मक गति बनाए रखी। इसके साथ ही 51,002 पर तेजी के साथ बंद हुआ.

रेजिजटेंस लेवल को किया पार

तकनीकी रूप से, बैंक निफ्टी इंडेक्स ने 50,750-50,800 के प्रमुख रेजिजटेंस लेवल को पार कर लिया और दैनिक और साप्ताहिक दोनों चार्ट पर एक बिग बुलिश कैंडिल बनाई. असित सी. मेहता इन्वेस्टमेंट इंटरमीडिएट्स लिमिटेड (ए पैंटोमैथ ग्रुप कंपनी) के एवीपी टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च ऋषिकेश येदवे ने कहा, “50,750 का ब्रेकआउट स्तर अब तत्काल समर्थन के रूप में काम करेगा. जब तक सूचकांक इस स्तर से ऊपर बना रहता है, तब तक इसमें 51,500-52,000 की ओर बढ़ने की क्षमता है. इसे देखते हुए ट्रेडर्स को ‘बाय ऑन डिप्स’ की रणनीति अपनाने की सलाह दी जाती है.”

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